बुध गोचर

संक्षेप में

बुध इस समय सिंह राशि में 8°46'50" पर गोचर कर रहा है। यह ७ सित॰ २०२६ को कन्या में प्रवेश करेगा।

वर्तमान राशि
सिंह
Degree
8°46'50"
Motion
मार्गी
अगला राशि परिवर्तन
कन्या · ७ सित॰ २०२६

Mercury (Budh) transit shapes thinking, speech, commerce and short journeys. Because Mercury never strays far from the Sun it changes signs often and turns retrograde several times a year — the well-known windows for double-checking messages, contracts and travel plans.

आगामी गोचर

बुध कन्या में प्रवेश७ सित॰ २०२६
बुध तुला में प्रवेश२६ सित॰ २०२६
बुध वृश्चिक में प्रवेश२ दिस॰ २०२६

बुध गोचर का सभी 12 चंद्र राशियों पर प्रभाव

वैदिक ज्योतिष में गोचर का फल सूर्य राशि से नहीं, बल्कि जन्म की चंद्र राशि से देखा जाता है। बुध इस समय सिंह में है — नीचे देखें कि यह प्रत्येक चंद्र राशि से कौन-से भाव में पड़ रहा है और परंपरा में उसका क्या फल कहा गया है।

मेषपंचम भावकष्टकारी

मेष चंद्र राशि वालों के लिए यह पंचम भाव में पड़ता है, जो संतान, विद्या, प्रेम और रचनात्मक कार्य को प्रभावित करता है: बुध ध्यान बिखेरता है और संवाद में भ्रम पैदा करता है।

वृषभचतुर्थ भावशुभ

वृषभ चंद्र राशि वालों के लिए यह चतुर्थ भाव में पड़ता है, जो घर, माता, संपत्ति और मानसिक शांति को प्रभावित करता है: बुध बुद्धि, वाणी और व्यापार को तीक्ष्ण करता है।

मिथुनतृतीय भावकष्टकारी

मिथुन चंद्र राशि वालों के लिए यह तृतीय भाव में पड़ता है, जो साहस, पराक्रम, भाई-बहन और छोटी यात्राएँ को प्रभावित करता है: बुध ध्यान बिखेरता है और संवाद में भ्रम पैदा करता है।

कर्कद्वितीय भावशुभ

कर्क चंद्र राशि वालों के लिए यह द्वितीय भाव में पड़ता है, जो धन, परिवार और वाणी को प्रभावित करता है: बुध बुद्धि, वाणी और व्यापार को तीक्ष्ण करता है।

सिंहप्रथम भावकष्टकारी

सिंह चंद्र राशि वालों के लिए यह प्रथम भाव में पड़ता है, जो शरीर, मन और आपकी छवि को प्रभावित करता है: बुध ध्यान बिखेरता है और संवाद में भ्रम पैदा करता है।

कन्याद्वादश भावकष्टकारी

कन्या चंद्र राशि वालों के लिए यह द्वादश भाव में पड़ता है, जो व्यय, विश्राम, विदेश यात्रा और त्याग को प्रभावित करता है: बुध ध्यान बिखेरता है और संवाद में भ्रम पैदा करता है।

तुलाएकादश भावशुभ

तुला चंद्र राशि वालों के लिए यह एकादश भाव में पड़ता है, जो आय, लाभ, मित्र और इच्छापूर्ति को प्रभावित करता है: बुध बुद्धि, वाणी और व्यापार को तीक्ष्ण करता है।

वृश्चिकदशम भावशुभ

वृश्चिक चंद्र राशि वालों के लिए यह दशम भाव में पड़ता है, जो करियर, प्रतिष्ठा और सामाजिक स्थिति को प्रभावित करता है: बुध बुद्धि, वाणी और व्यापार को तीक्ष्ण करता है।

धनुनवम भावकष्टकारी

धनु चंद्र राशि वालों के लिए यह नवम भाव में पड़ता है, जो भाग्य, धर्म, गुरु और लंबी यात्राएँ को प्रभावित करता है: बुध ध्यान बिखेरता है और संवाद में भ्रम पैदा करता है।

मकरअष्टम भावशुभ

मकर चंद्र राशि वालों के लिए यह अष्टम भाव में पड़ता है, जो उथल-पुथल, साझा धन और आकस्मिक घटनाएँ को प्रभावित करता है: बुध बुद्धि, वाणी और व्यापार को तीक्ष्ण करता है।

कुंभसप्तम भावकष्टकारी

कुंभ चंद्र राशि वालों के लिए यह सप्तम भाव में पड़ता है, जो विवाह, साझेदारी और दूसरों से व्यवहार को प्रभावित करता है: बुध ध्यान बिखेरता है और संवाद में भ्रम पैदा करता है।

मीनषष्ठ भावशुभ

मीन चंद्र राशि वालों के लिए यह षष्ठ भाव में पड़ता है, जो नौकरी, स्वास्थ्य, प्रतिस्पर्धा और ऋण को प्रभावित करता है: बुध बुद्धि, वाणी और व्यापार को तीक्ष्ण करता है।

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

बुध अभी किस राशि में है?

बुध इस समय सिंह राशि में 8°46'50" पर है।

बुध राशि कब बदलेगा?

बुध ७ सित॰ २०२६ को कन्या राशि में प्रवेश करेगा।

क्या बुध अभी वक्री है?

नहीं, बुध इस समय मार्गी (direct) है।

बुध गोचर का मेरी राशि पर क्या प्रभाव है?

गोचर का फल जन्म की चंद्र राशि से देखा जाता है। बुध इस समय सिंह में है, इसलिए यह प्रत्येक चंद्र राशि से अलग-अलग भाव में पड़ता है — ऊपर दी गई तालिका में सभी 12 राशियों का फल देखें।