वायव्य में बच्चों का कक्ष: यह वास्तु की दृष्टि से उत्तम क्यों है
संक्षेप में
वायव्य में बच्चों का कक्ष वही स्थान है जो परंपरा मांगती है — यह समझौता नहीं, उत्तम स्थिति है।
दिशा
वायव्य
तत्व
वायु
दिक्पाल
वायु
ग्रह
चंद्र
वायव्य में सर्वोत्तम
वायव्य गति का कोना है, जिसे परंपरा उन बच्चों के लिए उपयुक्त मानती है जो घर छोड़ने की आयु के निकट हैं — विद्यार्थी, और वे युवा जो शीघ्र बाहर जाने वाले हैं।
वायव्य किसका है
वायव्य कोण वायु का कोना है: गति, संचार, आना-जाना। अतिथि, अस्थायी भंडारण और उपयोगिता-कक्ष यहां सहज बैठते हैं, और जो स्थायी होना चाहिए वह नहीं।
बच्चों का कक्ष का स्थान कहां
बच्चों का कक्ष मुख्य शयनकक्ष से भिन्न पढ़ा जाता है: इसे भार नहीं, गति, वृद्धि और प्रातःकालीन प्रकाश चाहिए। परंपरा यहां अधिक उदार भी है, और विद्यार्थी तथा वयस्क संतानों के लिए स्थान प्रायः अलग-अलग बताए जाते हैं।
वायव्य — वायव्य गति का कोना है, जिसे परंपरा उन बच्चों के लिए उपयुक्त मानती है जो घर छोड़ने की आयु के निकट हैं — विद्यार्थी, और वे युवा जो शीघ्र बाहर जाने वाले हैं।
यदि कोई कक्ष ग़लत स्थान पर है तो क्या भवन दोबारा बनाना पड़ेगा?
नहीं। परंपरा यह मानकर चलती है कि आप रसोई या सीढ़ी नहीं हटा सकते, इसीलिए लगभग हर स्थान-नियम के साथ एक उपाय आता है — प्रायः कक्ष के भीतर का परिवर्तन (चूल्हा कहां है, पलंग किस ओर है, कोने में क्या रखा है), भवन का परिवर्तन नहीं।