वट सावित्री 2028 in कैलगरी

मंगलवार, २३ मई २०२८· 635 दिन बाद

संक्षेप में

कैलगरी में वट सावित्री 2028 मंगलवार, २३ मई २०२८ को है। पंचांग के अनुसार यह ज्येष्ठ अमावस्या है। सूर्योदय ५:३६ am और सूर्यास्त ९:३० pm पर है।

भारत: २४ मई २०२८

अन्य नाम: वट पूर्णिमा · वट सावित्री व्रत

कैलगरी का समय

तिथि
मंगलवार, २३ मई २०२८
मंगलवार
पंचांग तिथि
ज्येष्ठ अमावस्या
सूर्योदय
५:३६ am
सूर्यास्त
९:३० pm
चंद्रोदय
४:४१ am
चंद्रास्त
९:३२ pm
कैलगरी का आज का पंचांग

वट सावित्री क्या है?

वट सावित्री सावित्री की स्मृति में है, जो यम के पीछे-पीछे जाकर अपने पति के प्राण लौटा लाई थीं। उत्तर भारत में विवाहित स्त्रियां इसे वैशाख की समापन अमावस्या को रखती हैं, और महाराष्ट्र तथा गुजरात में उसके बाद आने वाली पूर्णिमा को — कथा एक, गणनाएं दो।

कैसे मनाया जाता है

स्त्रियां व्रत रखती हैं और वट वृक्ष की परिक्रमा करते हुए उस पर कच्चा सूत लपेटती हैं, और सावित्री का यम से हुआ संवाद दोहराती हैं।

अन्य शहर

ब्राम्टनएडमंटनMontrealओटावाSurreyटोरंटोवैंकूवरविनिपेगबैंगलोरचेन्नईनई दिल्लीदुबई

अन्य वर्ष

वट सावित्री 2026वट सावित्री 2027वट सावित्री 2029

अन्य त्योहार

बुद्ध पूर्णिमाअक्षय तृतीयारथ यात्राबैसाखीगुरु पूर्णिमाहनुमान जयंती

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कैलगरी में वट सावित्री 2028 कब है?

कैलगरी में वट सावित्री 2028 मंगलवार, २३ मई २०२८ को है। पंचांग के अनुसार यह ज्येष्ठ अमावस्या है।

क्या कैलगरी में वट सावित्री 2028 भारत के समान दिन है?

नहीं। कैलगरी में वट सावित्री २३ मई २०२८ को है, जबकि भारत में २४ मई २०२८ को। तिथि पूरी पृथ्वी पर एक ही क्षण आरंभ होती है, और वह क्षण हर स्थान पर अलग स्थानीय दिन पर पड़ता है।

वट सावित्री को और किन नामों से जाना जाता है?

वट सावित्री को वट पूर्णिमा, वट सावित्री व्रत भी कहा जाता है। ये एक ही त्योहार के क्षेत्रीय नाम और वर्तनियाँ हैं।