दिवाली 2025

सोमवार, २० अक्टूबर २०२५

संक्षेप में

दिवाली 2025 सोमवार, २० अक्टूबर २०२५ को है। पंचांग के अनुसार यह कार्तिक अमावस्या है। प्रदोष काल ५:४५ pm – ८:०९ pm है। सूर्योदय ६:२६ am और सूर्यास्त ५:४५ pm पर है।

अन्य नाम: दीपावली · दीवाली · लक्ष्मी पूजा

दुनिया भर की तिथियाँ

शहरतिथि
नई दिल्ली२० अक्टू॰ २०२५
लंदन२० अक्टू॰ २०२५
टोरंटो२० अक्टू॰ २०२५
न्यूयॉर्क२० अक्टू॰ २०२५
ह्यूस्टन२० अक्टू॰ २०२५
सैन होज़े२० अक्टू॰ २०२५
सिडनी२१ अक्टू॰ २०२५
सिंगापुर२० अक्टू॰ २०२५
दुबई२० अक्टू॰ २०२५

दिवाली क्या है?

दीपावली, दीपों का पर्व, आश्विन के अंत की अमावस्या को पड़ती है — चांद्र वर्ष की सबसे अंधेरी रात, जो राम के अयोध्या लौटने और लक्ष्मी की आराधना के रूप में मनाई जाती है। इसकी तिथि इस आधार पर तय होती है कि अमावस्या किस संध्या को घेरती है, क्योंकि लक्ष्मी पूजन सूर्यास्त के बाद किया जाता है।

कैसे मनाया जाता है

घरों की सफ़ाई होती है, रंगोली सजती है और कतार में दीये रखे जाते हैं। लक्ष्मी पूजन नीचे दिए गए प्रदोष काल में किया जाता है, उसके बाद मिठाई, नए वस्त्र और आतिशबाज़ी।

अन्य शहर

दुबईएडिसनह्यूस्टनलंदनन्यूयॉर्कसैन होज़ेसिंगापुरसिडनीटोरंटोबैंगलोरचेन्नईहैदराबादकोलकातामुंबईनई दिल्लीपुणे

अन्य वर्ष

दिवाली 2024दिवाली 2026दिवाली 2027

अन्य त्योहार

नरक चतुर्दशीधनतेरसगोवर्धन पूजाभाई दूजछठ पूजाकरवा चौथ

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दिवाली 2025 कब है?

दिवाली 2025 सोमवार, २० अक्टूबर २०२५ को है। पंचांग के अनुसार यह कार्तिक अमावस्या है।

दिवाली का प्रदोष काल कब है?

२० अक्टू॰ २०२५ को प्रदोष काल ५:४५ pm – ८:०९ pm है। मुख्य पूजा इसी अवधि में की जाती है।

दिवाली को और किन नामों से जाना जाता है?

दिवाली को दीपावली, दीवाली, लक्ष्मी पूजा भी कहा जाता है। ये एक ही त्योहार के क्षेत्रीय नाम और वर्तनियाँ हैं।