विषु 2029 in जयपुर

शनिवार, १४ अप्रैल २०२९· 961 दिन बाद

संक्षेप में

जयपुर में विषु 2029 शनिवार, १४ अप्रैल २०२९ को है। सूर्योदय ६:०५ am और सूर्यास्त ६:४९ pm पर है।

भारत के समान दिन

अन्य नाम: विषुक्कणि · मलयाली नववर्ष · विशु

जयपुर का समय

तिथि
शनिवार, १४ अप्रैल २०२९
शनिवार
सूर्योदय
६:०५ am
सूर्यास्त
६:४९ pm
चंद्रोदय
५:५६ am
चंद्रास्त
७:२१ pm

जयपुर में शुभ मुहूर्त

अभिजित मुहूर्त१२:०१ pm – १२:५२ pm
राहु काल — त्याज्य९:१६ am – १०:५१ am

इस त्योहार के लिए परंपरा में अलग मुहूर्त नहीं है — यह पूरे दिन मनाया जाता है। अभिजित उस दिन का सामान्य शुभ समय है और राहु काल त्याज्य।

जयपुर का आज का पंचांग

विषु क्या है?

विषु केरल का ज्योतिषीय नववर्ष है, मेडम मास का पहला दिन, और वही मेष संक्रांति जिसे तमिलनाडु पुथांडु के रूप में मनाता है। केरल इसे सूर्यास्त से नहीं, अगली भोर से तय करता है, क्योंकि यहां पर्व का केंद्र विषुक्कणि है — नववर्ष में आंख खुलते ही पड़ने वाला पहला दृश्य — इसलिए दिन चढ़े हुई संक्रांति अगली सुबह की मानी जाती है।

कैसे मनाया जाता है

कणि एक रात पहले सजाई जाती है: कोन्ना के पीले फूल, चावल, दर्पण, स्वर्ण, जलता दीप और कृष्ण का विग्रह — इस तरह कि भोर में आंखें मूंदे लाए गए व्यक्ति की पहली दृष्टि उसी पर पड़े। फिर बड़े विषुक्कैनीट्टम देते हैं, हथेली में रखा हुआ एक सिक्का, और दिन सद्या के साथ पूरा होता है।

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जयपुर में विषु 2029 कब है?

जयपुर में विषु 2029 शनिवार, १४ अप्रैल २०२९ को है।

क्या जयपुर में विषु 2029 भारत के समान दिन है?

हाँ। इस वर्ष विषु जयपुर और भारत दोनों में १४ अप्रैल २०२९ को है, यद्यपि पूजा का समय अलग है क्योंकि सूर्योदय और चंद्रोदय स्थानीय होते हैं।

विषु को और किन नामों से जाना जाता है?

विषु को विषुक्कणि, मलयाली नववर्ष, विशु भी कहा जाता है। ये एक ही त्योहार के क्षेत्रीय नाम और वर्तनियाँ हैं।