राम नवमी 2029 in फ्रैंकफर्ट

रविवार, २२ अप्रैल २०२९· 969 दिन बाद

संक्षेप में

फ्रैंकफर्ट में राम नवमी 2029 रविवार, २२ अप्रैल २०२९ को है। पंचांग के अनुसार यह चैत्र शुक्ल पक्ष नवमी है। पूजा मुहूर्त ११:५९ am – २:४९ pm है। सूर्योदय ६:१९ am और सूर्यास्त ८:२९ pm पर है।

भारत के समान दिन

अन्य नाम: रामनवमी · श्री राम नवमी

फ्रैंकफर्ट का समय

तिथि
रविवार, २२ अप्रैल २०२९
रविवार
पंचांग तिथि
चैत्र शुक्ल पक्ष नवमी
सूर्योदय
६:१९ am
सूर्यास्त
८:२९ pm
चंद्रोदय
१२:५८ pm
चंद्रास्त
३:१२ am

फ्रैंकफर्ट में शुभ मुहूर्त

पूजा मुहूर्त११:५९ am – २:४९ pm
अभिजित मुहूर्त१२:५५ pm – १:५२ pm
राहु काल — त्याज्य६:४२ pm – ८:२९ pm

ये समय इसी शहर के लिए गणना किए गए हैं — कौन-सा मुहूर्त मान्य है यह तिथि तय करती है, इसलिए ये स्थान के अनुसार बदलते हैं और भारत के समय नहीं हैं। अभिजित और राहु काल त्योहार के नहीं, उस दिन के होते हैं।

फ्रैंकफर्ट का आज का पंचांग

राम नवमी क्या है?

राम नवमी चैत्र शुक्ल पक्ष की नवमी को श्रीराम के जन्म का पर्व है। मान्यता है कि राम का जन्म मध्याह्न में हुआ था, इसलिए तिथि इस आधार पर तय होती है कि नवमी किस दिन के *मध्याह्न* को घेरती है — सूर्योदय से नहीं, जो पूरी तरह दूसरे दिन पड़ सकता है।

कैसे मनाया जाता है

मंदिरों में दिन भर रामायण का पाठ चलता है और दोपहर को बाल राम के विग्रह को पालने में झुलाया जाता है। बहुत से लोग मध्याह्न बीतने तक व्रत रखते हैं।

अन्य शहर

बैंगलोरचेन्नईनई दिल्लीदुबईएडिसनह्यूस्टनहैदराबादकोलकातालंदनमुंबईन्यूयॉर्कपुणे

अन्य वर्ष

राम नवमी 2027राम नवमी 2028

अन्य त्योहार

हनुमान जयंतीउगादिचैत्र नवरात्रिबैसाखीपुथांडुविषु

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

फ्रैंकफर्ट में राम नवमी 2029 कब है?

फ्रैंकफर्ट में राम नवमी 2029 रविवार, २२ अप्रैल २०२९ को है। पंचांग के अनुसार यह चैत्र शुक्ल पक्ष नवमी है।

फ्रैंकफर्ट में राम नवमी का पूजा मुहूर्त कब है?

फ्रैंकफर्ट में २२ अप्रैल २०२९ को पूजा मुहूर्त ११:५९ am – २:४९ pm है। मुख्य पूजा इसी अवधि में की जाती है।

क्या फ्रैंकफर्ट में राम नवमी 2029 भारत के समान दिन है?

हाँ। इस वर्ष राम नवमी फ्रैंकफर्ट और भारत दोनों में २२ अप्रैल २०२९ को है, यद्यपि पूजा का समय अलग है क्योंकि सूर्योदय और चंद्रोदय स्थानीय होते हैं।

राम नवमी को और किन नामों से जाना जाता है?

राम नवमी को रामनवमी, श्री राम नवमी भी कहा जाता है। ये एक ही त्योहार के क्षेत्रीय नाम और वर्तनियाँ हैं।