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संक्षेप में
गोरखपुर में पुथांडु 2028 शुक्रवार, १४ अप्रैल २०२८ को है। सूर्योदय ५:३४ am और सूर्यास्त ६:१९ pm पर है।
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भारत के समान दिन · पुथांडु 2028 →
अन्य नाम: तमिल नववर्ष · वरुष पिरप्पु · पुत्तांडु
गोरखपुर का समय तिथि
शुक्रवार, १४ अप्रैल २०२८
शुक्रवार
गोरखपुर में शुभ मुहूर्त अभिजित मुहूर्त११:३१ am – १२:२२ pm
राहु काल — त्याज्य१०:२१ am – ११:५६ am
इस त्योहार के लिए परंपरा में अलग मुहूर्त नहीं है — यह पूरे दिन मनाया जाता है। अभिजित उस दिन का सामान्य शुभ समय है और राहु काल त्याज्य।
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पुथांडु क्या है? पुथांडु तमिल नववर्ष है, चित्तिरै मास का पहला दिन, जो चंद्रमा से नहीं बल्कि सूर्य के मेष राशि में प्रवेश से तय होता है। तमिलनाडु इसे सूर्यास्त से गिनता है — यदि सूर्य अस्त होने से पहले मेष में पहुंच जाए तो वही दिन चित्तिरै 1 है। इसी नियम के कारण पुथांडु और केरल का विषु, जो एक ही खगोलीय क्षण हैं, हर वर्ष एक ही दिन नहीं पड़ते।
कैसे मनाया जाता है नववर्ष का स्वागत “कण्णि” से होता है — फल, स्वर्ण, पान, दर्पण और दीप की थाली, इस तरह सजाई गई कि आंख खुलते ही पहली दृष्टि उसी पर पड़े। मंदिर में नए वर्ष का पंचांग पढ़कर सुनाया जाता है, और भोजन का केंद्र होती है मांगा-पच्चडि, जिसमें छहों रस होते हैं — क्योंकि आने वाले वर्ष में भी वे सब होंगे।
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न गोरखपुर में पुथांडु 2028 कब है? गोरखपुर में पुथांडु 2028 शुक्रवार, १४ अप्रैल २०२८ को है।
क्या गोरखपुर में पुथांडु 2028 भारत के समान दिन है? हाँ। इस वर्ष पुथांडु गोरखपुर और भारत दोनों में १४ अप्रैल २०२८ को है, यद्यपि पूजा का समय अलग है क्योंकि सूर्योदय और चंद्रोदय स्थानीय होते हैं।
पुथांडु को और किन नामों से जाना जाता है? पुथांडु को तमिल नववर्ष, वरुष पिरप्पु, पुत्तांडु भी कहा जाता है। ये एक ही त्योहार के क्षेत्रीय नाम और वर्तनियाँ हैं।
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