कृष्ण जन्माष्टमी 2029

शनिवार, १ सितंबर २०२९· 1101 दिन बाद

संक्षेप में

कृष्ण जन्माष्टमी 2029 शनिवार, १ सितंबर २०२९ को है। पंचांग के अनुसार यह भाद्रपद कृष्ण पक्ष अष्टमी है। निशीथ काल ११:५८ pm – १२:४३ am है। सूर्योदय ६:०० am और सूर्यास्त ६:४१ pm पर है।

अन्य नाम: जन्माष्टमी · गोकुलाष्टमी · कृष्ण जयंती

दुनिया भर की तिथियाँ

शहरतिथि
नई दिल्ली१ सित॰ २०२९
लंदन१ सित॰ २०२९
टोरंटो१ सित॰ २०२९
न्यूयॉर्क१ सित॰ २०२९
ह्यूस्टन१ सित॰ २०२९
सैन होज़े१ सित॰ २०२९
सिडनी१ सित॰ २०२९
सिंगापुर१ सित॰ २०२९
दुबई१ सित॰ २०२९

कृष्ण जन्माष्टमी क्या है?

कृष्ण जन्माष्टमी श्रावण कृष्ण पक्ष की अष्टमी को कृष्ण के जन्म का पर्व है। उनका जन्म मथुरा के कारागार में अर्धरात्रि को हुआ था, और पूरा उत्सव उसी घड़ी के इर्द-गिर्द बुना गया है।

कैसे मनाया जाता है

भक्त दिन भर व्रत रखते हैं और नीचे दिए गए निशीथ काल में उसे खोलते हैं — अर्धरात्रि के बाद, यानी अगले कैलेंडर दिन। महाराष्ट्र इसमें दही हांडी जोड़ता है, दही की मटकी फोड़ने के लिए बनाया गया मानव-पिरामिड।

अन्य शहर

दुबईएडिसनह्यूस्टनलंदनन्यूयॉर्कसैन होज़ेसिंगापुरसिडनीटोरंटोबैंगलोरचेन्नईहैदराबादकोलकातामुंबईनई दिल्लीपुणे

अन्य वर्ष

कृष्ण जन्माष्टमी 2027कृष्ण जन्माष्टमी 2028

अन्य त्योहार

रक्षा बंधनगणेश चतुर्थीनाग पंचमीहरियाली तीजशरद नवरात्रिगुरु पूर्णिमा

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

कृष्ण जन्माष्टमी 2029 कब है?

कृष्ण जन्माष्टमी 2029 शनिवार, १ सितंबर २०२९ को है। पंचांग के अनुसार यह भाद्रपद कृष्ण पक्ष अष्टमी है।

कृष्ण जन्माष्टमी का निशीथ काल कब है?

१ सित॰ २०२९ को निशीथ काल ११:५८ pm – १२:४३ am है। मुख्य पूजा इसी अवधि में की जाती है।

कृष्ण जन्माष्टमी को और किन नामों से जाना जाता है?

कृष्ण जन्माष्टमी को जन्माष्टमी, गोकुलाष्टमी, कृष्ण जयंती भी कहा जाता है। ये एक ही त्योहार के क्षेत्रीय नाम और वर्तनियाँ हैं।