धनतेरस 2027 in फिनिक्स

मंगलवार, २६ अक्टूबर २०२७· 425 दिन बाद

संक्षेप में

फिनिक्स में धनतेरस 2027 मंगलवार, २६ अक्टूबर २०२७ को है। पंचांग के अनुसार यह कार्तिक कृष्ण पक्ष त्रयोदशी है। पूजा मुहूर्त ५:४१ pm – ८:०५ pm है। सूर्योदय ६:४२ am और सूर्यास्त ५:४१ pm पर है।

भारत: २७ अक्टू॰ २०२७

अन्य नाम: धनत्रयोदशी · धन्वंतरि जयंती

फिनिक्स का समय

तिथि
मंगलवार, २६ अक्टूबर २०२७
मंगलवार
पंचांग तिथि
कार्तिक कृष्ण पक्ष त्रयोदशी
सूर्योदय
६:४२ am
सूर्यास्त
५:४१ pm
चंद्रोदय
३:३६ am
चंद्रास्त
३:४७ pm

फिनिक्स में शुभ मुहूर्त

पूजा मुहूर्त५:४१ pm – ८:०५ pm
अभिजित मुहूर्त११:५० am – १२:३३ pm
राहु काल — त्याज्य२:५६ pm – ४:१८ pm

ये समय इसी शहर के लिए गणना किए गए हैं — कौन-सा मुहूर्त मान्य है यह तिथि तय करती है, इसलिए ये स्थान के अनुसार बदलते हैं और भारत के समय नहीं हैं। अभिजित और राहु काल त्योहार के नहीं, उस दिन के होते हैं।

फिनिक्स का आज का पंचांग

धनतेरस क्या है?

धनतेरस कार्तिक कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी को दीपावली के पांच दिनों का आरंभ करता है, और देवताओं के वैद्य धन्वंतरि तथा लक्ष्मी को समर्पित है। इसकी तिथि सूर्योदय से नहीं, संध्या के प्रदोष काल से तय होती है।

कैसे मनाया जाता है

इस दिन शुभ मानकर धातु खरीदी जाती है — सोना, चांदी, या कम से कम स्टील का एक बर्तन। देहरी पर दीप जलाए जाते हैं और रात भर जलते छोड़ दिए जाते हैं।

अन्य शहर

अटलांटाअस्टिनबस्तनशार्लटशिकागोकोलंबसडॅलसडेट्राइटएडिसनफ्रिमाँटह्यूस्टनIrvine

अन्य वर्ष

धनतेरस 2025धनतेरस 2026धनतेरस 2028धनतेरस 2029

अन्य त्योहार

नरक चतुर्दशीदिवालीगोवर्धन पूजाभाई दूजकरवा चौथछठ पूजा

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

फिनिक्स में धनतेरस 2027 कब है?

फिनिक्स में धनतेरस 2027 मंगलवार, २६ अक्टूबर २०२७ को है। पंचांग के अनुसार यह कार्तिक कृष्ण पक्ष त्रयोदशी है।

फिनिक्स में धनतेरस का पूजा मुहूर्त कब है?

फिनिक्स में २६ अक्टू॰ २०२७ को पूजा मुहूर्त ५:४१ pm – ८:०५ pm है। मुख्य पूजा इसी अवधि में की जाती है।

क्या फिनिक्स में धनतेरस 2027 भारत के समान दिन है?

नहीं। फिनिक्स में धनतेरस २६ अक्टू॰ २०२७ को है, जबकि भारत में २७ अक्टू॰ २०२७ को। तिथि पूरी पृथ्वी पर एक ही क्षण आरंभ होती है, और वह क्षण हर स्थान पर अलग स्थानीय दिन पर पड़ता है।

धनतेरस को और किन नामों से जाना जाता है?

धनतेरस को धनत्रयोदशी, धन्वंतरि जयंती भी कहा जाता है। ये एक ही त्योहार के क्षेत्रीय नाम और वर्तनियाँ हैं।